भक्तिसाधन

पंचांग — 5 अक्टूबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारसोमवार
तिथिकृष्ण पक्ष दशमी — 16:39 तक
फिर कृष्ण पक्ष एकादशी
नक्षत्रपुष्य — 13:40 तक
फिर आश्लेषा
योगसिद्ध — 21:50 तक
फिर साध्य
करणविष्टि (भद्रा) — 16:39 तक
फिर बव
सूर्योदय07:32
सूर्यास्त19:08
राहु काल08:59–10:26
अभिजित मुहूर्त12:57–13:43

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यकन्या18°01′हस्त (3)
चंद्रकर्क13°06′पुष्य (3)
मंगलकर्क10°03′पुष्य (3)
बुधतुला12°10′स्वाति (2)
गुरुकर्क26°10′आश्लेषा (3)
शुक्रतुला14°10′स्वाति (3)वक्री
शनिमीन17°04′रेवती (1)वक्री
राहुकुंभ3°14′धनिष्ठा (3)वक्री
केतुसिंह3°14′मघा (1)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:32–08:59अमृतशुभ
08:59–10:26कालअशुभ
10:26–11:53शुभशुभ
11:53–13:20रोगअशुभ
13:20–14:47उद्वेगअशुभ
14:47–16:14चरसामान्य
16:14–17:41लाभशुभ
17:41–19:08अमृतशुभ

रात

19:08–20:41चरसामान्य
20:41–22:14लाभशुभ
22:14–23:47अमृतशुभ
23:47–01:20कालअशुभ
01:20–02:54शुभशुभ
02:54–04:27रोगअशुभ
04:27–06:00उद्वेगअशुभ
06:00–07:33चरसामान्य

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।