भक्तिसाधन

पंचांग — 21 दिसंबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारसोमवार
तिथिशुक्ल पक्ष त्रयोदशी — 03:55 (अगले दिन) तक
फिर शुक्ल पक्ष चतुर्दशी
नक्षत्रकृत्तिका — 00:16 (अगले दिन) तक
फिर रोहिणी
योगसिद्ध — 15:02 तक
फिर साध्य
करणकौलव — 17:36 तक
फिर तैतिल
सूर्योदय07:50
सूर्यास्त17:10
राहु काल09:00–10:10
अभिजित मुहूर्त12:11–12:48

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यधनु5°25′मूल (2)
चंद्रमेष29°49′कृत्तिका (1)
मंगलसिंह13°52′पूर्वा फाल्गुनी (1)
बुधवृश्चिक29°08′ज्येष्ठा (4)
गुरुसिंह2°42′मघा (1)वक्री
शुक्रतुला19°15′स्वाति (4)
शनिमीन13°52′उत्तराभाद्रपद (4)
राहुमकर29°09′धनिष्ठा (2)वक्री
केतुकर्क29°09′आश्लेषा (4)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:50–09:00अमृतशुभ
09:00–10:10कालअशुभ
10:10–11:20शुभशुभ
11:20–12:30रोगअशुभ
12:30–13:40उद्वेगअशुभ
13:40–14:50चरसामान्य
14:50–16:00लाभशुभ
16:00–17:10अमृतशुभ

रात

17:10–19:00चरसामान्य
19:00–20:50लाभशुभ
20:50–22:40अमृतशुभ
22:40–00:30कालअशुभ
00:30–02:20शुभशुभ
02:20–04:10रोगअशुभ
04:10–06:00उद्वेगअशुभ
06:00–07:50चरसामान्य

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।