भक्तिसाधन

पंचांग — 29 सितंबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारमंगलवार
तिथिकृष्ण पक्ष तृतीया — 07:42 तक
फिर कृष्ण पक्ष चतुर्थी
नक्षत्रभरणी — 22:07 तक
फिर कृत्तिका
योगहर्षण — 17:50 तक
फिर वज्र
करणविष्टि (भद्रा) — 07:42 तक
फिर बव
सूर्योदय07:26
सूर्यास्त19:17
राहु काल16:20–17:48
अभिजित मुहूर्त12:58–13:45

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यकन्या12°06′हस्त (1)
चंद्रमेष17°58′भरणी (2)
मंगलकर्क6°34′पुष्य (1)
बुधतुला4°24′चित्रा (4)
गुरुकर्क25°06′आश्लेषा (3)
शुक्रतुला13°58′स्वाति (3)
शनिमीन17°32′रेवती (1)वक्री
राहुकुंभ3°34′धनिष्ठा (4)वक्री
केतुसिंह3°34′मघा (2)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:26–08:55रोगअशुभ
08:55–10:24उद्वेगअशुभ
10:24–11:53चरसामान्य
11:53–13:22लाभशुभ
13:22–14:51अमृतशुभ
14:51–16:20कालअशुभ
16:20–17:48शुभशुभ
17:48–19:17रोगअशुभ

रात

19:17–20:49कालअशुभ
20:49–22:20शुभशुभ
22:20–23:51रोगअशुभ
23:51–01:22उद्वेगअशुभ
01:22–02:53चरसामान्य
02:53–04:25लाभशुभ
04:25–05:56अमृतशुभ
05:56–07:27कालअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।