भक्तिसाधन

पंचांग — 24 सितंबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारगुरुवार
तिथिशुक्ल पक्ष त्रयोदशी — 13:50 तक
फिर शुक्ल पक्ष चतुर्दशी
नक्षत्रशतभिषा — 01:53 (अगले दिन) तक
फिर पूर्वाभाद्रपद
योगशूल — 05:21 (अगले दिन) तक
फिर गंड
करणतैतिल — 13:50 तक
फिर गर
सूर्योदय07:21
सूर्यास्त19:26
राहु काल14:54–16:24
अभिजित मुहूर्त12:59–13:48

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यकन्या7°12′उत्तरा फाल्गुनी (4)
चंद्रकुंभ10°00′शतभिषा (2)
मंगलकर्क3°37′पुष्य (1)
बुधकन्या27°23′चित्रा (2)
गुरुकर्क24°11′आश्लेषा (3)
शुक्रतुला12°49′स्वाति (2)
शनिमीन17°56′रेवती (1)वक्री
राहुकुंभ3°49′धनिष्ठा (4)वक्री
केतुसिंह3°49′मघा (2)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:21–08:52शुभशुभ
08:52–10:22रोगअशुभ
10:22–11:53उद्वेगअशुभ
11:53–13:23चरसामान्य
13:23–14:54लाभशुभ
14:54–16:24अमृतशुभ
16:24–17:55कालअशुभ
17:55–19:26शुभशुभ

रात

19:26–20:55अमृतशुभ
20:55–22:25कालअशुभ
22:25–23:54शुभशुभ
23:54–01:24रोगअशुभ
01:24–02:54उद्वेगअशुभ
02:54–04:23चरसामान्य
04:23–05:53लाभशुभ
05:53–07:22अमृतशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।