भक्तिसाधन

पंचांग — 11 सितंबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारशुक्रवार
तिथिशुक्ल पक्ष प्रतिपदा — 22:18 तक
फिर शुक्ल पक्ष द्वितीया
नक्षत्रउत्तरा फाल्गुनी — 03:26 (अगले दिन) तक
फिर हस्त
योगसाध्य — 07:32 तक
फिर शुभ
करणकिंस्तुघ्न — 10:49 तक
फिर बव
सूर्योदय07:09
सूर्यास्त19:47
राहु काल11:53–13:28
अभिजित मुहूर्त13:03–13:53

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यसिंह24°30′पूर्वा फाल्गुनी (4)
चंद्रसिंह28°35′उत्तरा फाल्गुनी (1)
मंगलमिथुन25°43′पुनर्वसु (2)
बुधकन्या7°06′उत्तरा फाल्गुनी (4)
गुरुकर्क21°39′आश्लेषा (2)
शुक्रतुला6°29′चित्रा (4)
शनिमीन18°52′रेवती (1)वक्री
राहुकुंभ4°31′धनिष्ठा (4)वक्री
केतुसिंह4°31′मघा (2)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:09–08:44चरसामान्य
08:44–10:19लाभशुभ
10:19–11:53अमृतशुभ
11:53–13:28कालअशुभ
13:28–15:03शुभशुभ
15:03–16:38रोगअशुभ
16:38–18:12उद्वेगअशुभ
18:12–19:47चरसामान्य

रात

19:47–21:12रोगअशुभ
21:12–22:38उद्वेगअशुभ
22:38–00:03चरसामान्य
00:03–01:29लाभशुभ
01:29–02:54अमृतशुभ
02:54–04:19कालअशुभ
04:19–05:45शुभशुभ
05:45–07:10रोगअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।